मैं अपने-आप में…

मैं अपने-आप में…

गुजरे हुए लम्हों में सदियाँ तलाश करता हूँ, 
प्यास गहरी है कि नदियाँ तलाश करता हूँ, 
यहाँ सब लोग गिनाते है खूबियां अपनी, 
मैं अपने-आप में कमियाँ तलाश करता हूँ।

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